नाइट कर्फ्यू लगने से नए साल का जश्न पड़ा फीका, रात में बाहर निकलने से पहले जान लें नियम
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नई दिल्ली/ टीम डिजिटल।कोरोना वायरस (Corona virus) महामारी की काली छाया बृहस्पतिवार रात नववर्ष समारोहों के आयोजन पर भी पड़ी। दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरू सहित देश के कई शहरों में रात्रिकालीन कर्फ्यू लगा दिये जाने के कारण ज्यादातर लोगों ने इस अवसर पर घरों के अंदर रहने को ही प्राथमिकता दी। दिल्ली सरकार ने कोविड-19 और इसके नए स्वरूप (स्ट्रेन) के संक्रमण के मद्देनजर 31 दिसंबर और एक जनवरी को रात 11 बजे से सुबह छह बजे तक रात्रिकालीन कर्फ्यू लागू कर दिया है, ताकि नववर्ष समाराहों में लोगों की भीड़ एकत्र नहीं हो।
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ये हैं नियम दिल्ली के मुख्य सचिव एवं दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) अध्यक्ष विजय देव द्वारा जारी आदेश के अनुसार, रात्रिकालीन कर्फ्यू 31 दिसंबर रात 11 बजे से एक जनवरी सुबह छह बजे तक और एक जनवरी रात 11 बजे से दो जनवरी सुबह छह बजे तक लागू रहेगा। आदेश में कहा गया है कि रात्रिकालीन कर्फ्यू के दौरान सार्वजनिक स्थलों पर पांच से अधिक लोगों के एकत्र होने की अनुमति नहीं होगी। कोविड-19 के मद्देनजर बड़ी संख्या में लोगों को एकत्र होने से रोकने के लिए यह फैसला किया गया है।
स्थानीय स्तर पर लगा सकते हैं प्रतिबंध केंद्रीय गृह मंत्रालय ने 28 दिसंबर को राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को परामर्श जारी कर कहा था कि वे स्थानीय स्तर पर प्रतिबंध लगा सकते हैं, जिनमें रात्रिकालीन कर्फ्यू लागू करना भी शामिल है। मंत्रालय ने कहा था कि कोविड-19 के प्रसार को रोकने के लिए स्थिति का आकलन कर वे ऐसा कर सकते हैं। दिल्ली में रात्रिकालीन कर्फ्यू की घोषणा ने नववर्ष का जश्न मनाने और 2021 का स्वागत करने के लिए दोस्तों व अपने परिजनों के साथ बृहस्पतिवार देर शाम कहीं बाहर जाना चाह रहे लोगों की योजनाओं पर पानी फेर दिया और लोगों के जश्न को फीका कर दिया।
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रद्द किए गए कार्यक्रम घोषणा के तुरंत बाद लोग होटल और रेस्तरां की बुकिंग रद्द कराने लगे। शहर के कई होटलों और रेस्तरां व अन्य प्रतिष्ठानों ने मध्य रात्रि के इस जश्न लिए बुकिंग ली थी और नए साल के जश्न के लिए सभी तैयारियां शुरू भी कर दी थी, लेकिन कर्फ्यू की घोषणा के बाद कार्यक्रम तेजी से रद्द किये जाने लगे। कोविड-19 महामारी के देश में पैर पसारना शुरू करने के करीब 10 महीने बाद कई प्रतिष्ठान अच्छे कारोबार की उम्मीद कर रहे थे। उन्होंने लोगों को समझाया कि प्रतिबंध सार्वजनिक स्थानोंके लिए है, जिनमें पार्क या कोई भी खुला स्थान शामिल हैं, लेकिन इसमें "लाइसेंस प्राप्त परिसर" शामिल नहीं हैं। लेकिन भ्रम की स्थिति बनी रही और कई ग्राहक परेशान थे और अपने घर वापस जाने के समय होने वाली परेशानी से बचने के लिए उन्होंने बुकिंग रद्द कर दी।
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रात में एकत्र होने की अनुमति नहीं दिल्ली पुलिस प्रवक्ता ईश सिंघल ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा, लाइसेंस प्राप्त परिसरों को इसमें छूट दी गई है, वे अपनी लाइसेंस शर्त के साथ काम करना जारी रख सकते हैं, जिसमें बैठने की आधी क्षमता का इस्तेमाल और कोविड-19 से जुड़े अन्य दिशा-निर्देश शामिल हैं।दिल्ली का दिल कहे जाने वाले कनॉट प्लेस और इंडिया गेट जैसे सार्वजनिक स्थानों पर रात के कर्फ्यू की घोषणा के बाद एकत्र होने की अनुमति नहीं है।
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